असर – एक रोमांचक सफ़र

By Abhay Barad

ASER Team, Gujarat

असर ने  भारत की विविधता का दर्शन करवाया – कई सारे राज्यों में जाने का मौका मिला | वहा के गॉव को देखने का मौका मिला, विविध संस्कृति, विविध भोजन अलग-अलग रहने का तरीका देखने को मिला| विविध राज्यों के गॉव की परिस्थिति जानने का मौका मिला| असर की वजह से मुझे मेरे राज्य के गॉव देखने का, उसको जानने का और गॉव की परिस्थिति, जीने का तरीका, विविध भोजन को नजदीक से देखने समझने का मौका मिला |

%e0%a4%85%e0%a4%acहम गुजराती लोग स्वादिष्ट खाने के शोखीन होते हैं | मैं जहाँ का हूँ – काठयावाड, वहाँ तो खाने की बात ही कुछ अलग है ! मैं इस साल असर के दौरान दक्षिण गुजरात के डांग जिले में जाने का मौका मिला | डांग जिला में आदिवासी सबसे ज्यादा रहते हैं और जंगल बहुत फैला हुआ है | वहां के लोगों का भोजन हमारे भोजन से अलग होता है | हम बाजरी और गेहू की रोटी खाते हैं पर वहाँ नगली की रोटी खायी जाती है | मैं डांग के एक गॉव में असर के दरमियान गया | मैं सुबह निकल गया था | गॉव में पूरा दिन रहा | वहां एक घर पर भोजन करने का मोका मिला | थाली पर देखा तो रोटी अजग रंग की थी | मैंने मेरे साथी से बात की कि यह क्या है ? उसने कहा नागली है | यहाँ आपको यही रोटी मिलेगी और सब्जी में था बांस की सब्जी | कुछ अलग भोजन खाने का मजा आया | पहेली बार नागली और बांस का सब्जी खाई |

असर की वजह से मुझे बहुत सारे अनुभव और अलग – अलग तरीके का भोजन खाने का मौका मिला | असर की वजह से मुझे मेरे राज्य की विविधता देखने को मिली | विविध संस्कृति देखने को मिला | बहुत सारे लोगो से मिलने का मौका मिला जिससे बहुत कुछ सीखने को मिला | असर को बहुत – बहुत धन्यवाद की मुझे मेरे राज्य और देश को जानने – समझने देखने का मौका दिया |

  • Renu Seth

    Badhiya! Aapke lakh se hame bhi Dang ke gaon aur khan pin ka darshan hua hai! Vividhta me ekta bhi dekhi hogi.. ?